शैक्षणिक अनुभव और वैज्ञानिक दृष्टि का संगम: डॉ. एस. फ़ारूक़
महात्मा गांधी आयुर्वेद कॉलेज, अस्पताल एवं रिसर्च सेंटर, वर्धा (महाराष्ट्र) के बी ए एम एस द्वितीय वर्ष के 65 छात्र, 4 फैकल्टी सदस्यों के साथ हिमालया वेलनेस कंपनी, देहरादून के औद्योगिक भ्रमण पर पहुँचे।
डॉ. एस. फ़ारूक़ ने युवा भविष्य के डॉक्टरों को संबोधित करते हुए एक ज्ञानवर्धक सत्र लिया, जिसमें उन्होंने in vivo और in vitro अनुसंधान पद्धतियों के मूल सिद्धांतों से परिचित कराया। उन्होंने इन दोनों तरीकों के महत्व को आधुनिक औषधि विकास तथा आयुर्वेदिक शोध में उनकी प्रासंगिकता के संदर्भ में समझाया।
उन्होंने छात्रों को प्रेरित किया कि वे पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक वैज्ञानिक ढाँचों के साथ जोड़ने पर आलोचनात्मक और शोधपरक सोच विकसित करें।
छात्रों ने इंटरएक्टिव सत्रों में भाग लिया, वास्तविक कार्यप्रणाली का अवलोकन किया और यह समझने का अवसर पाया कि कैसे पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक वेलनेस पद्धतियों से जोड़ा जाता है।
फैकल्टी कोऑर्डिनेटर डॉ. ज्ञानेश जोशी ने कहा कि डॉ. फ़ारूक़ का सत्र अत्यंत समृद्ध और प्रेरणादायक था।
उन्होंने कहा कि डॉ. फ़ारूक़ वैज्ञानिक सिद्धांतों को आयुर्वेद की प्रासंगिकता से जोड़ने में सक्षम रहे और छात्रों पर गहरा प्रभाव छोड़ गए।
उन्होंने आगे कहा कि ऐसे दौरे छात्रों के पेशेवर दृष्टिकोण को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। हम डॉ. एस. फ़ारूक़ और उनकी टीम के आभारी हैं, जिन्होंने इस शैक्षणिक प्रयास में सहयोग, समर्थन और आतिथ्य प्रदान किया।
